• विज्ञार और तकनीक ओर था पेरियार का झुकाव

    Author(s):
    Pramod Ranjan (see profile)
    Date:
    2022
    Group(s):
    Philosophy of Religion
    Subject(s):
    Literature and society, Social movements, Reference books, Hindi, Literature and science
    Item Type:
    Interview
    Tag(s):
    Bihar, Rāmacāmi, Ī. Ve., Tantai Periyār
    Permanent URL:
    https://doi.org/10.17613/ksk8-1g27
    Abstract:
    पेरियार के बारे यह तो सभी जानते हैं कि वे जातिवाद के मुखर विरोधी थे और उन्होंने दक्षिण भारत में ब्राह्मणवाद विरोधी आंदोलन चलाया। लेकिन उनके लेखन में गहराई से रेखांकित करने लायक बात विज्ञान और तकनीक के प्रति उनका आकर्षण है। वे विज्ञान और तकनीक के बूते भविष्य को देखते हैं और उसके अनुरूप समाज को तैयार रहने का आह्वान करते हैं। इसी तरह, स्त्रियों को लेकर उनके आमूल परिवर्तनवादी विचार भी ध्यान देने योग्य हैं। वे मानते थे कि स्त्री मुक्ति की बात करने वाले वाले पुरुषों का आंदोलन पाखंड है। पेरियार कहते हैं कि अपनी मुक्ति के लिए स्त्रियों को ही आगे आना होगा। वे स्त्रियों की मुक्ति के गर्भ निरोध के वैज्ञानिक उपायों को बहुत आवश्यक मानते हैं।
    Notes:
    प्रमोद रंजन से यह बातचीत राष्ट्रीय सहारा के पटना संस्करण में 14 नवंबर, 2022 को प्रकाशित हुई थी।
    Metadata:
    Published as:
    Newspaper article    
    Status:
    Published
    Last Updated:
    3 months ago
    License:
    Attribution
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